banner
Jun 16, 2020
510 Views
1 0

विषय :- पेट्रोल ,डीजल के दाम कम करने के साथ सोनिया गाँधी ने पीएम मोदी से कही ये बात

Written by
banner

विषय :- पेट्रोल ,डीजल के दाम कम करने के साथ सोनिया गाँधी ने पीएम मोदी से कही ये बात …
नॉट :-
पेट्रोल-डीजल की कीमतों में लगातार 10वें दिन हुई बढ़ोत्तरी पर कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी ने पीएम मोदी को चिट्ठी लिखकर वापस करने की मांग की है.
सोनिया गांधी ने अपनी चिट्ठी में कहा है कि कोरोना वायरस के संकट से जूझ रहे देश के लिए यह फैसला असंवेदनशील है. सोनिया गांधी ने कहा कि सरकार लोगों को फायदा पहुंचाने का कोई काम नहीं कर रही है. कांग्रेस अध्यक्ष ने कहा, ‘मैं मार्च से शुरू हुए इस कठिन के समय के बीच सरकार ने पूरी तरह से एक असंवेदनशील निर्णय लेते हुए पेट्रोल और डीजल की कीमतें बढ़ाने का फैसला किया है. वो भी 10 बार. उन्होनें कहा कि सरकार को 2.6 लाख करोड़ रुपये कमान के लिए पेट्रोल-डीजल की एक्साइज ड्यूटी बढ़ाने की किसी ने गलत सलाह दी है. गौरतलब है कि तेल कंपनियों द्वारा मंगलवार को पेट्रोल का दाम 47 पैसे और डीजल का दाम 93 पैसे प्रति लीटर बढ़ा दिया गया. यही नहीं एटीएफ यानी विमान ईंधन के दाम में भी 16.3 प्रतिशत की वृद्धि की गई. पेट्रोल और डीजल के दाम में लगातार 10वें दिन वृद्धि की गई है. दिल्ली में पेट्रोल का दाम 47 पैसे बढ़कर 76.73 रुपये प्रति लीटर जबकि डीजल का दाम 93 पैसे बढ़कर 75.19 रुपये प्रति लीटर कर दिया गया.

1जब प्रधानमंत्री देश के लोगों के आत्मनिर्भर होने की उम्मीद करते हैं तो ऐसे संकट के समय लोगों पर वित्तीय बोझ डालना उचित नहीं है.

2मौजूदा कोविड-19 महामारी के खिलाफ लड़ाई के दौरान भारत को स्वास्थ्य संबंधी, आर्थिक और सामाजिक चुनौतियों का सामना करना पड़ा है.

3मुझे इस बात की पीड़ा है कि ऐसे मुश्किल समय में सरकार ने पेट्रोल और डीजल की कीमतें बढ़ाने का असंवेदनशील निर्णय लिया.’

4
ऐसे समय सरकार के इस फैसले का कोई औचित्य समझ नहीं आता जब देश के करोड़ों लोगों की नौकरियां चली गई हैं, उनके सामने जीविका का संकट खड़ा है, छोटे, मध्यम एवं बड़े कारोबार बंद हो रहे हैं और किसानों को भी मुश्किल का सामना करना पड़ रहा है.

5पिछले कुछ दिनों के दौरान अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमत में करीब नौ फीसदी की कमी आई, लेकिन सरकार मुश्किल के समय लोगों को इसका लाभ देने के लिए कुछ नहीं कर रही है.

6मैं आपसे आग्रह करती हूं कि बढ़ोत्तरी को वापस लिया जाए और कच्चे तेल की कम कीमत का लाभ सीधे देश के नागरिकों को दिया जाए.

7अगर आप लोगों के आत्मनिर्भर होने की उम्मीद करते हैं तो आगे बढ़ने के उनके रास्ते में वित्तीय अवरोध मत खड़ा करिए.

8मैं फिर से कह रही हूं कि जो लोग मुश्किल का सामना कर रहे हैं उनके हाथों में सीधे पैसे दीजिए.’

banner

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *